500 अरब डॉलर तक पहुंच सकता है भारत-अमेरिका का व्यापार :वित्त मंत्री

On Date : 13 October, 2017, 4:54 PM
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वाशिंगटन: भारत के वित्त मंत्री अरुण जेटली का कहना है कि भारत-अमेरिका के वार्षिक व्यापार को 500 अरब डॉलर तक ले जाने का लक्ष्य कोई ‘दिवास्वप्न’ नहीं है क्योंकि भारत में अमेरिकी कंपनियों को कई तरह के अवसर मुहैया कराए गए हैं. विशेषकर रक्षा और विमानन क्षेत्र में उन्हें बेहतर अवसर दिए गए हैं. जेटली ने कहा कि पिछले कुछ सालों में भारत-अमेरिका के संबंध बहुत मजबूत साझेदारी के रुप में उभरे हैं. साथ ही ‘मिशन-500’ जैसे लक्ष्य और इस साझेदारी के विभिन्न पहलुओं पर जोर दिया गया है.

उन्होंने कहा, ‘‘यदि कोई रक्षा और विमानन क्षेत्र में मौजूद अवसरों को ठीक से देखे तो दोनों देशों के बीच द्विपक्षीय व्यापार को 500 अरब डॉलर के स्तर तक ले जाना कोई असंभव कार्य नहीं है.’’ जेटली ने यह बात यहां एक प्रश्न के उत्तर में कही. उनसे पूछा गया था कि क्या दोनों देशों के द्विपक्षीय व्यापार को 500 अरब डॉलर तक ले जाया जा सकता है या नहीं.

वित्त मंत्री अरुण जेटली ने कल एक प्रश्न के जवाब में कहा, ‘‘ पिछले चार दिनों में मैंने निवेशकों को संबोधित किया, उनके साथ बैठक की और उनके सवालों के जवाब दिए. मैंने पाया कि यहां भारत के बारे में सकारात्मक धारणा है.’’ उनसे पूछा गया था कि अमेरिकी निवेशकों और ट्रंप सरकार के अधिकारियों की ओर से उन्हें कैसी प्रतिक्रिया मिली है.

वाशिंगटन में उन्होंने अमेरिका के वित्त मंत्री स्टीवन म्नूचिन और वाणिज्य मंत्री विल्बर रॉस के साथ द्विपक्षीय व्यापार और आर्थिक संबंध एवं समान चिंताओं के मुद्दों पर बातचीत की. बाद में म्नूचिन और जेटली ने एक ट्वीट में कहा, ‘‘अमेरिका-भारत द्विपक्षीय आर्थिक मुद्दों पर सराहनीय बातचीत हुई.’’ वाशिंगटन में अपनी यात्रा के पहले दिन जेटली जी-20 देशों के मंत्रियों के साथ दोपहर के भोज में शामिल हुए. उनके निर्धारित कार्यक्रम में परिपूर्ण वार्षिक बैठकें, जी-20 देशों के वित्त मंत्रियों और केंद्रीय बैंक के गवर्नरों की बैठक शामिल है. इसके बाद में वह वित्त मंत्रियों की बहुपक्षीय विकास बैंकों के साथ बैठक में शामिल होंगे और इटली तथा ईरान के अपने समकक्षों के साथ द्विपक्षीय वार्ता करेंगे.

उल्लेखनीय है कि जेटली की ईरान के वित्त मंत्री के साथ बैठक अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप द्वारा हाल ही में नयी ईरान नीति की घोषणा किए जाने के बाद हो रही है. इसके अलावा शाम को जेटली अमेरिका-भारत स्ट्रेटेजिक पार्टनरशिप फोरम (यूएसआईएसपीएफ) के एक विशेष कार्यक्रम में शामिल होंगे. इस कार्यक्रम की थीम ‘भारतीय अर्थव्यवस्था: विवरण और चुनौतियां’ हैं.

जेटली 14 अक्टूबर को आईएमएफसी रिस्ट्रिक्टिड ब्रेकफास्ट सत्र और पूर्ण सत्र में शामिल होंगे. दोपहर में वह बांग्लादेश, भूटान, नेपाल और श्रीलंका के सांसदों को एक भोज देंगे. रविवार को भारत के लिए रवाना होने से पहले वह डेवलपमेंट कमेटी प्लेनरी की 96वीं बैठक में भाग लेंगे.

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