कोलकाताः पश्चिम बंगाल के शांति निकेतन में विश्व भारती विश्वविद्यालय के 49वें दीक्षांत समारोह में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने संबोधित करते हुए कहा कि मैं यहां अतिथ नहीं बल्कि आचार्य बनकर आया हूं। उन्होंने विश्वविद्यालय में देरी से आने पर माफी मांगी। उन्होंने इस दौरान कहा कि यहां का चांसलर होने के नाते हर असुविधा की जिम्मेदारी मेरी है। बता दें कि मोदी विश्व भारती विश्वविद्यालय के चांसलर भी हैं। इस समारोह में शामिल होने के लिए बांग्लादेशी पीएम शेख हसीना भी यहां पहुंची हैं। दोनों देशों के प्रधानमंत्रियों ने मिलकर 'बांग्लादेश भवन' का उद्घाटन किया। इससे पहले राज्य की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने पीएम मोदी का एयरपोर्ट पर जाकर स्वागत किया।
 

बता दें कि मोदी और हसीना एक द्विपक्षीय बैठक भी करेंगे। प्रधानमंत्री बनने के बाद से यह मोदी का विश्वविद्यालय का पहला दौरा है। इससे पहले वे 2008 में संस्थान के कोई कुलाधिपति दीक्षांत समारोह में मौजूद थे, तब प्रधानमंत्री मनमोहन सिंह ने वहां का दौरा किया था। हसीना से मिलने के बाद मोदी झारखंड जाएंगे जहां वह सिंदरी में केंद्र एवं राज्य सरकारों की कई परियोजनाओं की आधारशिला रखेंगे।

LIVE: PM Shri @narendramodi attends convocation of Visva-Bharati University in West Bengal. https://t.co/CgD7yAuBOW

— BJP (@BJP4India) May 25, 2018