नई दिल्ली: बीजेपी ने आज कथित तौर पर हिंदुओं का ‘अपमान’ करने के लिए कांग्रेस के नेता दिग्विजय सिंह पर निशाना साधते हुए आरोप लगाया कि कांग्रेस समाज में नफरत और विभाजन को बढ़ाने के लिये ऐसे बयान दे रही है. उन्होंने कहा, ‘कांग्रेस की राजनीति का आधार डर , भ्रम और नफरत है.’

बीजेपी प्रवक्ता सुधांशु त्रिवेदी ने कहा कि सिंह ने अपने एक हालिया बयान में दावा किया कि ‘ हिंदू ’ शब्द का कोई अस्तित्व नहीं था. उन्होंने कहा कि कांग्रेस नेताओं का यह बयान न सिर्फ उनकी अज्ञानता बल्कि गहरी साजिश को भी दर्शाता है.

उन्होंने आपातकाल के समय विपक्ष पर निशाना साधने के लिये तत्कालीन कांग्रेस अध्यक्ष डी के बरूआ द्वारा इस्तेमाल नारे ‘ इंडिया इज इंदिरा और इंदिरा इज इंडिया ’ को याद करते हुए कहा कि जो लोग हिंदू और हिंदुत्व को समझते हैं उनके लिए देश ‘भारत माता’ है और जो लोग भारत को नहीं समझते हैं उनके लिये ‘इंडिया इज इंदिरा’ है. इंदिरा गांधी सरकार द्वारा 25 जून 1975 को देश में आपातकाल लगाया गया था.

त्रिवेदी ने कहा कि कांग्रेस ने क्योंकि कभी इस नारे के लिए माफी नहीं मांगी इसलिए यह अब भी पार्टी का आधिकारिक रुख है. उन्होंने आरोप लगाया कि नारा ‘ इंदिरा इज इंडिया ’ भी नाजी सम्मेलन से प्रेरित था जिसमें ‘ हिटलर इज जर्मनी ’ का नारा दिया गया था.

सिंह पर निशाना साधते हुए त्रिवेदी ने कहा कि कांग्रेस एक तरफ अपने पार्टी अध्यक्ष राहुल गांधी को ‘जनेऊ - धारी हिंदू’ बताती है और दूसरी तरफ मध्य प्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री कहते है कि ‘ हिंदू ’ शब्द का अस्तित्व ही नहीं था.  बीजेपी नेता ने कहा कि राहुल गांधी को इस मुद्दे पर अपनी स्थिति स्पष्ट करनी चाहिए. उन्होंने कहा कि जवाहर लाल नेहरू ने भी अपनी प्रसिद्ध किताब ‘ डिस्कवरी ऑफ इंडिया ’ में ‘ हिंदू ’ शब्द पर विस्तार से लिखा है. उन्होंने कहा , ‘दिग्विजय सिंह ने जो बयान ‘ हिंदू ’ और ‘ हिंदूत्व ’ शब्द के बारे में दिया है वह तिरस्कारपूर्ण और अपमानजनक है. ’

उन्होंने कहा कि सिंह पूर्व में आतंकवादी ओसामा बिन लादेन को ओसामाजी और मुंबई बम हमलों में संघ की भूमिका के आरोप लगा चुके हैं. त्रिवेदी ने कांग्रेस पर विभिन्न मुद्दों पर एक जिमनास्ट की तरह अपनी स्थिति बदलते रहने का आरोप लगाया.