कोच्चि : केरल में अभी बाढ़ की स्थिति भयावह बनी हुई है. बारिश और बाढ़ से यहां अब तक 37 लोगों के मारे जाने के समाचार हैं. हजारों लोग बेघर हो चुके हैं. केंद्रीय गृह मंत्री राजनाथ सिंह ने रविवार को केरल के बाढ़ प्रभावित जिलों का हवाई सर्वेक्षण किया और कहा कि राज्य में स्थिति बहुत गंभीर है. उन्होंने अभूतपूर्व बाढ़ के कारण उत्पन्न चुनौतियों से निपटने के लिए केंद्र की ओर से राज्य को हरसंभव मदद उपलब्ध कराने का आश्वासन दिया.

राजनाथ सिंह ने एर्नाकुलम जिले के पारावुर तालुक में एलांतिकारा में एक राहत शिविर में प्रभावित लोगों को संबोधित करते हुए ये बातें कहीं. उन्होंने कहा, 'मुख्यमंत्री के साथ मैंने बाढ़ प्रभावित इलाकों का हवाई सर्वेक्षण किया और मैं इस नतीजे पर पहुंचा कि केरल में बाढ़ के कारण स्थिति बहुत गंभीर है.'

उन्होंने कहा, 'मैं राज्य सरकार को आश्वस्त करना चाहता हूं कि बाढ़ से जुड़ी चुनौतियों से निपटने के लिए केंद्र सरकार की ओर से हरसंभव मदद उपलब्ध कराई जाएगी.'

I understand the suffering of the people of Kerala due to this unprecedented crisis. Since assessment of damages will take some time, I hereby announce immediate relief of additional Rs 100 crores, tweets Home Minister Rajnath Singh #KeralaFloods (file pic) pic.twitter.com/fwxiQ91JQe

— ANI (@ANI) August 12, 2018

केंद्रीय मंत्री ने कहा कि इस स्थिति में केंद्र सरकार राज्य की सरकार के साथ पूरी दृढ़ता के साथ खड़ी है. सिंह ने मुख्यमंत्री पी विजयन, केंद्रीय मंत्री अल्फोंस कन्नंतनम, प्रांत के राजस्व मंत्री ई. चन्द्रशेखरन और राज्य सरकार के अन्य वरिष्ठ अधिकारियों की उपस्थिति में ये बातें कहीं.

उन्होंने बाढ़ में घर और भूमि खोने वालों की शिकायतें भी सुनी. इससे पहले यहां पहुंचने पर राजनाथ सिंह ने कोचीन अंतरराष्ट्रीय हवाईअड्डे पर विजयन, राजस्व मंत्री, कृषि मंत्री वी एस सुनील कुमार, जल संसाधन मंत्री मैथ्यू टी थॉमस और मुख्य सचिव टॉम जोस के साथ बैठक की. मंत्री ने इडुक्की और एर्नाकुलम जिलों के बाढ़ और भूस्खलन प्रभावित इलाकों का हवाई दौरा किया.

केरल में इडुक्की, एर्नाकुलम और त्रिशूर के इलाके बाढ़ के पानी से अभी भी डूबे हुए हैं. राज्य सरकार ने बाढ़ में अपना घर और संपत्ति गंवाने वाले प्रत्येक परिवार को 10 लाख रुपये देने की घोषणा की है. इसके अलावा केरल के मुख्यमंत्री पिनरई विजयन ने इडुक्की, वायनाड और अन्य जिलों के बाढ़ प्रभावित इलाकों का हवाई सर्वेक्षण किया. मुख्यमंत्री ने अपना घर गंवाने वालों को 4 लाख रुपये की सहायता राशि देने की घोषणा की. वायनाड में भारी बारिश के कारण हुए भूस्खलन से बड़े पैमाने पर संपत्ति का नुकसान हुआ है. जिले के करीब 10 हजार लोग 200 राहत शिविरों में रह रहे हैं. मुख्यमंत्री ने कहा कि राहत शिविरों में रहने वाले प्रत्येक व्यक्ति को 3,800 रुपये दिए जाएंगे.