नई दिल्लीः रक्षाबंधन के दिन कुछ छात्राओं को मेहंदी लगाना भारी पड़ गया। छात्राओं ने सोचा भी नहीं होगा की उन्हें मेहंदी लगाने की इतनी बड़ी सजा मिलेगी। जमशेदपुर के राजेंद्र विद्यालय साकची ने 90 छात्राओं को मेहंदी लगाने के चलते स्कूल से निलंबित कर दिया। सोमवार जब ये 90 छात्राएं मेहंदी लगाकर स्कूल पहुंची तो प्रार्थना के बाद कक्षा में हाथों की जांच की गई। कक्षा सात से लेकर 12वीं तक की कई छात्राओं के हाथों में मेहंदी लगी हुई थी।

कुछ छात्राओं ने अपने पांव में भी मेहंदी लगाई हुई थी। इस बात की जानकारी अध्यापिका ने प्रधानाध्यापिका राखी बनर्जी को दे दी। इसके बाद उन्होंने सभी छात्राओं के अभिभावकों को फोन कर इसकी जानकारी देने का आदेश दिया। जिसके बाद स्कूल के प्रशासनिक कर्मियों ने अभिभावकों को फोन कर इसकी जानकारी देते हुेए बच्चे को ले जाने के लिए कहा। कई अभिभावक स्कूल पहुंचे और अपने बच्चे को घर ले आए। उन्हें बुधवार तक के लिए घर पर रहने के लिए कहा गया है।

छात्राओं को सस्पेंड करने की जानकारी मिलने के बाद कई अभिभावक स्कूल पहुंचे। अभिभावकों का कहना है कि यह कैसा फरमान है, ऐसे में तो किसी का त्योहार मनाना ही मुश्किल है। इसे अनुशासनहीनता नहीं कहा जा सकता। कई अभिभावकों की मांग है कि शिक्षा विभाग को स्कूल प्रबंधन पर अनुशासनात्मक कार्रवाई करनी चाहिए।

इस मामले में स्कूल प्रशासन का कहना है कि स्कूल में अनुशासन व विद्यार्थियों में एकरूपता रहे इस कारण छात्राओं को सस्पेंड किया गया है। जिन छात्राओं की समस्या है उनके अभिभावक आकर मिलें। उनसे बात करने के बाद छात्राओं को फिर से स्कूल आने की अनुमति दे दी जाएगी।