नई दिल्ली: अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप दुनिया के सबसे बड़े सर्च इंजन गूगल के खिलाफ कार्रवाई कर सकते हैं. उन्होंने गूगल सर्च में अमेरिकी राष्ट्रपति की गलत छवि बनाने पर कंपनी को आड़े हाथो लिया. उन्होंने कहा कि जब से पद संभाला है, मीडिया हमेशा मेरे खिलाफ खबरें चलाता है. ट्रंप ने अपने इस दर्द के लिए सीधे गूगल को जिम्मेदार ठहराया. ट्रंप का आरोप है कि गूगल भी मेरे खिलाफ नकारात्मक खबरें सर्च होने में बड़ी भूमिका निभा रहा है, जो खतरनाक है. यहां बता दें कि ट्रंप के निशाने पर अमेरिकी मीडिया हाउस में सीएनएन हमेशा सबसे ऊपर रहा है. लेकिन इस बार ट्रंप ने गूगल से नाराजगी जाहिर कर दी है. कुछ दिन पहले अमेरिकी वेबसाइट USA टुडे में छपी एक खबर के मुताबिक, अगर आप गूगल पर Idiot सर्च करेंगे तो सबसे पहले डोनाल्ड ट्रंप की तस्वीर सामने आएगी. इसे लेकर काफी बखेड़ा भी हुआ था.

अपने टि्वटर पोस्ट में मंगलवार को राष्ट्रपति ट्रंप ने लिखा है कि ट्रंप की खबर को गूगल सर्च रिजल्ट में सर्च करने पर केवल नकारात्मक खबरें दिखती हैं. यह फेक न्यू मीडिया है. दूसरे शब्दों में कहूं तो कंपनी ने इसमें मेरे और अन्य के खिलाफ हेराफेरी की है, जिसमें अधिकांश खबरें नकारात्मक हैं. इनमें नकली सीएनएन सबसे अहम है. रिपब्लिकन/ कंजरवेटिव और निष्पक्ष मीडिया सब खत्म हो चुके हैं. यह सब अवैध हैं?

एक अन्य ट्वीट में ट्रंप आगे कहते हैं, 96 प्रतिशत से भी अधिक ट्रंप न्यूज के सर्च रिजल्ट राष्ट्रीय वामपंथी मीडिया की तरफ से हैं, जो काफी खतरनाक हैं. गूगल और अन्य कंपनियां कंजरवेटिव की आवाज दबा रहे हैं और सूचनाओं और खबरों को छिपा रहे हैं. यह अच्छी बात है. ये लोग उन चीजों को नियंत्रित कर रहे हैं जिसे हम देख भी सकते हैं और नहीं भी. यह काफी गंभीर बात है जिस पर गौर किया जाएगा.

बीते जुलाई में यूरोपियन यूनियन पर गूगल के खिलाफ इसके मोबाइल फोन ऑपरेटिंग सिस्टम को लेकर 5 अरब डॉलर का जुर्माना लगाए जाने पर ट्रंप जमकर बरसे थे और कहा था कि गूगल अमेरिका की एक महान कंपनी है. इस महीने ट्रंप पेंसिलवेनिया में एक रैली के दौरान वह मीडिया पर फर्जी खबरों का आरोप लगाते हुए जमकर बरसे थे. उनकी यह नाराजगी इस बार व्हाइट हाउस के प्रेस सचिव और एक संवाददाता के बीच हुए विवाद को लेकर थी.

गूगल सर्च में सबसे ऊपर ट्रंप की तस्वीर आखिर क्यों है? गूगल इमेजेज पर जब आप कोई कीवर्ड टाइप करते हैं, तो वह सबसे पहले उन तस्वीरों को दिखाता है, जिसमें खास तौर से उन्हीं शब्दों को मेटा टैग में रखा है. इसका मतलब हुआ कि हजारों लोगों ने ट्रंप की तस्वीरें 'इडियट' शब्द के साथ टैग करते हुए अपलोड की गई हैं.

गूगल-रैंकिंग शायद सबसे विश्वसनीय स्रोत नहीं है, लेकिन यह अभी भी बहुत मजेदार है. असल में, हमने इसे स्वयं करने की कोशिश की और हम इसकी पुष्टि कर सकते हैं कि यह 100% सच है और बहुत शानदार है.

गूगल इमेज सर्च में 'इडियट' टाइप करने पर सबसे ऊपर ट्रंप की जो तस्वीर दिखती थी, वह बेबीस्पिटल (Babyspittle) नाम की अमेरिकी ब्लॉग साइट की है. यह साइट खास तौर से रूढ़िवादियों की सोच और उनकी तरफ फैलाई जाने वाली अफवाहों की काट ढूंढने का काम करती है. इस पर डोनाल्ड ट्रंप को बार-बार इडियट कहा गया है. इस ब्लॉग साइट ने डोनाल्ड ट्रंप के खिलाफ कई लेख लिखे हैं. 'बेवकूफी भरी हरकतों' पर ट्रंप की आलोचना की गई है.