नई दिल्‍ली : पेट्रोल और डीजल के दाम रविवार को एक बार फिर नई ऊंचाई पर पहुंच गए हैं. शनिवार को दिल्‍ली में पहली बार पेट्रोल की कीमतों ने 80 रुपये का आंकड़ा पार किया था, जो रविवार को 80.50 रुपये प्रति लीटर पर पहुंच गया है. वहीं दिल्‍ली में डीजल का रेट 72.61 रुपये प्रति लीटर हो गया है. मुंबई में रविवार को पेट्रोल 87.89 रुपये प्रति लीटर और डीजल 77.09 रुपये प्रति लीटर के रेट पर पहुंच गया है. बता दें कि शनिवार को दिल्ली में पेट्रोल की कीमत 80.38 प्रति लीटर हो गई थी, जबकि डीजल 72.51 प्रति लीटर पहुंच गया था.


मुंबई में पेट्रोल अब 87.89 रुपए और डीजल 77.09 रुपए प्रति लीटर मिल रहे हैं. इससे पहले पेट्रोल और डीजल की कीमतें मंगलवार को नई ऊंचाई पर पहुंच गई थीं. बता दें कि शनिवार को मुंबई में पेट्रोल 87.77 रुपए प्रति लीटर और डीजल 76.98 रुपए प्रति लीटर की कीमत पर बिका था.


विशेषज्ञों का मानना है कि आने वाले वक्त में भारतीय बाजारों में पेट्रोल और डीजल की कीमतें अभी और आसमान छूने वाली हैं. पेट्रोल-डीजल की कीमतों में इजाफे के पीछे रुपया एक बड़ा कारण है. रुपये में गिरावट के चलते ही तेल कंपनियां लगातार कीमतों में बदलाव कर रही हैं. दरअसल, कंपनियां डॉलर में तेल का भुगतान करती हैं, जिसकी वजह उन्हें अपना मार्जिन पूरा करने के लिए तेल की कीमतों को बढ़ाना पड़ रहा है.

10 सितंबर को कांग्रेस का भारत बंद
कांग्रेस ने डीजल और पेट्रोल की कीमतों में बढ़ोतरी के खिलाफ 10 सितंबर को भारत बंद का ऐलान किया है. पेट्रोल-डीजल के दाम में लगातार बढ़ोतरी पर नरेंद्र मोदी सरकार को घेरने के लिए कांग्रेस की ओर से आहूत 'भारत बंद' को विपक्ष की कुल 18 छोटी-बड़ी पार्टियों का समर्थन मिला है. पार्टी सूत्रों का कहना है कि 'भारत बंद' के लिए समाजवादी पार्टी (सपा) , बहुजन समाज पार्टी (बसपा), राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी (एनसीपी), द्रमुक, तृणमूल कांग्रेस, राष्ट्रीय जनता दल (राजद), मार्क्सवादी कम्युनिस्ट पार्टी (माकपा), भारतीय कम्युनिस्ट पार्टी (भाकपा), जनता दल एस (जद(एस)), राष्ट्रीय लोक दल (रालोद), झारखंड मुक्ति मोर्चा (झामुमो) और कई अन्य दल समर्थन कर रहे हैं.