श्रीनगर : जम्मू कश्मीर को एक बार फिर आतंकवादियों ने दहलाने की कोशिश नाकाम रही है. बुधवार (12 सितंबर) सुबह जम्मू-कश्मीर पुलिस की एक टीम ने रियासी के झज्जर कोटली के पास नाकेबंदी कर वाहनों की जांच शुरू की थी. इसी दौरान गाड़ियों की लाइन में शामिल एक ट्रक में सवार दो आतंकवादियों ने पुलिस की टीम पर फायरिंग की और मौके से फरार हो गए.

ट्रक में पुलिस को मिली एके-47
जानकारी के अनुसार हाइवे के पास ही एक ट्रक में पुलिस को एके-47, मैगजीन और कई राइफल मिली है. इस ट्रक के ड्राइवर और कंडक्टर को सेना के जवानों ने हिरासत में लिया है. इसके साथ ही दूसरे ट्रक से भागने वाले 2 से 3 संदिग्ध आतंकवादियों का सेना की ओर से पीछा किया जा रहा है.

पूरे राज्य में हाई अलर्ट
नेशनल हाइवे पर हुए इस हमले के बाद स्थानीय प्रशासन ने पूरे राज्य में अलर्ट जारी कर दिया है. इसके साथ ही हाइवे से गुजरने वाली गाड़ियों पर पूरी तरह से रोक लगा दी गई है. प्रशासनिक अधिकारियों का कहना है कि जब तक पूरी तरह से स्थिति काबू में नहीं होती है रास्ते को बंद रखा जाएगा. एक अधिकारी ने बताया कि नेशनल हाइवे पर हालातों को काबू करने के लिए सेना के और जवानों को बुलाया गया है.

रिस्क लेने के मूड में नहीं सेना
जिस स्थान पर यह हमला हुआ है, वहां से 40 किमी के परिक्षेत्र में ही सेना की उत्तरी कमान का मुख्यालय और नगरोटा का सैन्य कैंप स्थित है. नगरोटा के सैन्य कैंप पर इससे पहले 2016 में एक आतंकी हमला भी हो चुका है, ऐसे में सुरक्षा एजेंसियां और भी ज्यादा सर्तक हो गईं हैं. बता दें कि यहीं से वैष्णो देवी कटरा के लिए रास्ता अलग होता है.