अहमदाबाद : राष्ट्रीय डिजाइन संस्थान (एनआईडी) के एक वरिष्ठ फैकल्टी सदस्य को यौन उत्पीड़न के आरोप को लेकर निष्कासित कर दिया गया। छात्राओं के एक समूह ने उनपर यौन उत्पीड़न का आरोप लगाया था।

इस संबंध में जारी एक बयान के मुताबिक, कृषनेश मेहता 1995 से एनआईडी में पढ़ा रहे थे। संस्थान में उनकी सेवा को समाप्त करने की मांग के बाद पिछले महीने मेहता ने इस्तीफा दे दिया था। यह कदम तब उठाया गया जब देशभर में पिछले कुछ समय से यौन उत्पीड़न के खिलाफ मीटू मुहिम तेज हो रही है। मेहता से उनकी प्रतिक्रिया के लिए संपर्क नहीं हो सका।

एनआईडी के बयान के मुताबिक, छात्राओं के एक समूह ने आरोप लगाया था कि मेहता का आचरण "यौन उत्पीड़न" जैसा था। उसमें बताया गया कि संस्थान में उनके खिलाफ दूसरी बार शिकायत दर्ज कराई गई थी।

उनपर आरोप लगने के बाद एनआईडी ने एक आंतरिक जांच समिति का गठन किया था जिसने शिकायत को वास्तविक पाया। संस्थान ने बताया कि इसके बाद मेहता ने माफी मांगी और अपना इस्तीफा सौंप दिया और 5 अक्टूबर से उन्हें सेवा से मुक्त कर दिया गया।