इस्लामाबाद : आर्थिक मंदहाली से  जूझ रहे कर्ज में डूबे पाकिस्तान को बचाने के लिए एक बार फिर चीन ने हाथ बढ़ाया है। पाकिस्तान के वित्त मंत्री ने  बुधवार को  बताया कि आर्थिक संकट से उबरने के लिए चीन उसकी मदद करेगा। हालांकि चीन ने मदद को  लेकर साफ तौर पर कुछ भी कहने से इंकार कर दिया है। बता दें कि पाकिस्तान के प्रधानमंत्री इमरान खान ने हाल में आर्थिक पैकेज मांगने के इरादे से चीन की यात्रा की थी।

बरसों पहले छोटे दुकानदार आर्थिक तंगी होने पर काबुली वाले से उधार लेते थे, उसके साथ ही उसकी बर्बादी हुरू हो जाती थी, व्यापारी का मकान, दुकान सब बिक जाता था फिर भी कर्ज़ नही चुकत। पाकिस्तान के वित्त मंत्री असद उमर ने बताया कि चीन ने सहायता पैकेज के जरिए देश की वित्तीय समस्या को दूर करने में उच्चस्तरीय मदद करने का वादा किया है। असद उमर इमरान खान के साथ चीन गए प्रतिनिधिमंडल का हिस्सा थे।

उमर ने कहा, 'हमने बताया था कि पाकिस्तान को करीब 12 अरब डॉलर की मदद की जरूरत थी, जिनमें से 6 हमें सऊदी अरब दे रहा है, बाकी चीन लोन के रूप में देने को सहमत हो गया है। मैं साफ करना चाहता हूं कि इस मदद से पाकस्तान का नकदी संकट खत्म हो गया है।' इमरान के साथ विदेश मंत्री शाह महमूद कुरैशी भी चीन गए थे। उन्होंने भी बताया कि चीन के द्वारा जताई गई प्रतिबद्धता के बाद पाकिस्तान के भुगतान संतुलन का मुद्दा प्रभावी तरीके से सुलझ गया है।

दूसरी तरफ चीनी विदेश मंत्री ने इस बारे में कुछ भी कहने से इनकार कर दिया। चीनी विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता ने कहा, 'पाकिस्तान चीन का सदाबहार पार्टनर है। दोनों के रिश्ते काफी अच्छे हैं। हम अपनी तरफ से हरसंभव मदद पाकिस्तान को देंगे। अगर आने वाले वक्त में भी पाकिस्तान को जरूरत हुई तो आर्थिक और बाकी मोर्चों पर हम उसके साथ हैं।'