यहां भी साध्वी के श्राप वाली खबर पूरी झांकी के साथ लीड बनी। इसमें पूर्व पुलिस अधिकारी दिनेश जुगरान, अरुण गुर्टू, नंदन दुबे और नरेंद प्रसाद ने कोई कमेंट करने से ही मना कर दिया। मनीष दीक्षित बता रहे हैं कि प्रियंका के वाराणसी से उतरने पर मोदी इंदौर से भी चुनाव लड़ सक ते हैं। शाहिद खान बता रहे हैं कि मप्र में फायर सेफ्टिी एक्ट न होने से आगजनी के लिए कोई जिम्मेदार ही नहीं है। तंग गलियों में सिमट रहे भोपाल शहर के बाजारों की तस्वीरों के साथ पूरा पेज ही भेतरीन रहा। इस बार शिक्षकों की चुनाव ड्युटी के चलते बोर्ड का रिजल्ट लेट हो सकता है।