तुलसी का इस्तेमाल लोग सदियों से औषधी रूप में करते आ रहे है। तुलसी में कई स्वास्थ्य गुण मौजूद होते है जो सभी हेल्थ प्रॉबल्म का झट से खात्मा कर देते है
 
तुलसी चाय कैसे बनाएं ?
सबसे पहले तो हम आपको यह बताते हैं कि तुलसी की चाय बनानी कैसे हैं, ताकि आपको इसका पूरा फायदा मिल सके। पैन में 1 कप पानी में 5-6 तुलसी के पत्तें, इलायची और अदरक को डालकर 3 मिनट तक उबालें। इसे छानकर गिलास में डालें और फिर इसमें 1 टीस्पून शहद व नींबू का रस मिलाकर पिएं।

इसका सेवन सर्दी-खांसी से ब्रोंकाइटिस और अस्थमा जैसी सांस संबंधी बीमारियों में
फायदेमंद होता है। यह खांसी से राहत दिलाती है और बलगम को बाहर निकालने में भी मदद करती हैं, जिससे सांस लेने में आसानी होती है।

शुगर लेवल कंट्रोल
नियमित दूध के बजाए तुलसी चाय पीएं क्योंकि यह शुगर लेवल को कंट्रोल करने में मदद करती है। तुलसी चाय का रोजाना सेवन कार्बो और वसा के मेटाबॉलिज्म को आसान बनाने में भी मदद कर सकता है, डायबिटीज मरीजों के लिए फायदेमंद है।

मजबूत इम्यून सिस्टम
रोजाना इस चाय का सेवन करने से इम्यून सिस्टम मजबूत होता है, जिससे आप कई वायरल और बैक्टीरियल बीमारियों से बचे रहते हैं। साथ ही इसमें कुछ ऐसे तत्व होते हैं, जो कंजक्‍शन को दूर करने में मदद करते हैं।

तनाव से राहत
रिसर्च के अनुसार, तुलसी की चाय शरीर में कोर्टिसोल हार्मोन के स्तर को सामान्य रखती है, जिससे तनाव नहीं होता। साथ ही स्ट्रेस होने पर इसकी चाय का सेवन करने से दिमाग तुरंत रिलैक्स हो जाता है, जिससे आप डिप्रेशन से भी बचे रहते हैं।

दांतों के लिए है बेहतर
इसमें मौजूद एंटी-माइक्रोबियल गुणों मुंह के हानिकारक बैक्टीरिया और रोगाणुओं का खात्मा करते हैं, जिससे दांत स्वस्थ रहते हैं। इसके अलावा इससे मुंह से बदबू भी नहीं आती। आप इसे माउश फ्रेशनर के रूप में भी यूज कर सकते हैं।

बेहतर पाचन क्रिया
रोजाना इसका सेवन करने से पाचन क्रिया ठीक रहती है, जिससे आप कब्ज, एसिडिटी जैसी पेट की परेशानियों से बचे रहते हैं।

गठिया दर्द को करे कम
तुलसी में एंटी इंफ्लामेट्री व यूगेनॉल नामक एक घटक होता है, गठिया और अर्थराइटिस दर्द से राहत दिलाने में मददगार है।