नईदिल्ली: भारत और ऑस्ट्रेलिया के बीच चार मैचों की टेस्ट सीरीज तीन दिसंबर से शुरू होनी है, लेकिन उससे पहले ही इसको लेकर काफी चर्चा हो रही है. ऑस्ट्रेलिया के पूर्व कप्तान मार्क टेलर ने कहा है कि भारत और ऑस्ट्रेलिया के बीच बॉक्सिंग डे टेस्ट जैसा कोई भी ‘बड़ा’ मैच दर्शकों से खचाखच भरे स्टेडियम में खेला जाना चाहिए.

मार्क टेलर ने कहा है कि विक्टोरिया में कोरोना वायरस के बढ़ते मामलों को देखते हुए अधिकारियों को मैच को मेलबर्न क्रिकेट क्लब (एमसीजी) से हटाने में हिचकना नहीं चाहिए.

मार्क टेलर ने कहा कि पर्थ का ऑप्टस स्टेडियम और एडीलेड ओवल, जहां स्थिति नियंत्रण में है, इस प्रतिष्ठत टेस्ट मैच की मेजबानी का अधिकारी हासिल करने की दौड़ में शामिल हैं. पिछले कुछ दिनों में विक्टोरिया में कोविड-19 के मामलों में इजाफा हुआ है, जिससे मेलबर्न के कुछ हिस्सों में लॉकडाउन लागू किया जा सकता है.

टेलर ने कहा, ‘क्या इसे दूसरी जगह आयोजित नहीं किया जा सकता? बेशक, ऑस्ट्रेलिया में जो हो रहा है उसे देखते हुए क्रिसमस तक शायद एमसीजी में 10 या 20 हजार लोगों की ही मेजबानी हो पाए जो ऑस्ट्रेलिया और भारत जैसे बड़े टेस्ट के लिए काफी अच्छा नहीं लगेगा.’

टेलर ने कहा, ‘आप पर्थ के ऑप्टस स्टेडियम में मैच करा सकते हैं या पूरे दर्शकों के लिए एडीलेड ओवल जा सकते हैं. एडीलेड के लोगों को भारतीयों को खेलते हुए देखना पसंद है. भारत और पाकिस्तान के बीच खेले गए वर्ल्ड कप के मैच के टिकट 52 मिनट के आसपास में ही बिक गए थे.’

पश्चिमी ऑस्ट्रेलिया क्रिकेट संघ (वाका) की प्रमुख क्रिस्टीना मैथ्यूज ने इस हाई प्रोफाइल टेस्ट सीरीज के आयोजन स्थल के रूप में पर्थ पर ब्रिसबेन को तरजीह देने के लिए पिछले महीने क्रिकेट ऑस्ट्रेलिया पर निशाना साधा था. टेलर का मानना है कि वाका विराट कोहली और उनकी टीम की मेजबानी का मौका हासिल करने का पूरा प्रयास करेगा.

उन्होंने कहा, ‘ये स्थल, विशेष रूप से पर्थ इस मौके का फायदा उठाने का पूरा प्रयास करेगा, क्योंकि खचाखच भरा स्टेडियम बेहतर लगेगा.’ऑप्टस स्टेडियम में 60 हजार दर्शकों को बैठाने की क्षमता है और एमसीजी के बाद इसे ऑस्ट्रेलिया में सर्वश्रेष्ठ स्थल माना जाता है.'