नई दिल्ली: सीबीआई ने आई-मोनेटरी एडवाइजरी (आईएमए) पोंजी घोटाले के संबंध में कर्नाटक पुलिस के कुछ वरिष्ठ पुलिस अधिकारियों के परिसर समेत कर्नाटक और उत्तर प्रदेश में 15 स्थानों पर शुक्रवार को छापे मारे। अधिकारियों ने बताया कि एजेंसी की बहु अनुशासनिक टीमों ने बेंगलुरु में 11 स्थानों और मांड्या, रामनगर, बेलगाम तथा मेरठ में एक-एक स्थान पर तलाशी ली। उन्होंने बताया कि टीम में चार्टर्ड अकाउंटेंट्स, फॉरेंसिक ऑडिटर, कम्प्यूटर फॉरेंसिक विशेषज्ञ, बैंकर और विभिन्न अन्य नियामक विभागों के अधिकारी शामिल थे।

I Monetary Advisory (IMA) case: Searches were conducted by CBI at the residences of the then Inspector General (IG) Economic Offences Wing CID Hemant M Nimbalkar, the then deputy SP CID EB Sridhara, the then DCP East, Bengaluru Ajay Hilory & others. https://t.co/5wZR0fwnmU

— ANI (@ANI) November 8, 2019

I Monetary Advisory (IMA) case: CBI today conducted searches at 15 locations (11 locations in Bengaluru, 1 in Mandya district, 1 in Ramanagara, 1 in Belgaum, Karnataka & 1 in Meerut, UP). pic.twitter.com/m0bWxkeTGJ

— ANI (@ANI) November 8, 2019

तत्कालीन आईजी आर्थिक अपराध शाखा सीआई हेमंत निंबलकर, सीआईडी के उप पुलिस अधीक्षक ईबी श्रीधर, तत्कालीन डीसीपी पूर्व बेंगलुरु अजय हिलोरी, कमर्शियल स्ट्रीट पुलिस थाने के इंस्पेक्टर और एसएचओ एम रमेश, कमर्शियल स्ट्रीट पुलिस थाने के एसआई गौरी शंकर, तत्कालीन एसीपी बेंगलुरु उत्तर उप मंडल और केपीआईडी कानून के तहत सक्षम प्राधिकार एल सी नागराज, तत्कालीन डीसीओ बेंगलुरु शहरी जिला बी एम विजयशंकर के आवासों पर छापे पड़े।