ऑल इंडिया मजलिस-ए-इत्तेहादुल मुस्लिमीन (AIMIM) के अध्यक्ष असदुद्दीन ओवैसी ने आर्थिक मंदी को लेकर मोदी सरकार पर निशाना साधा है. ओवैसी ने केंद्र सरकार पर निशाना साधते हुए शनिवार को ट्वीट कर कहा कि बीजेपी की फ्लिप-फ्लॉप पॉलिसी है, जिसका फायदा बड़े कारोबारियों के अलावा किसी को नहीं हो रहा है.

असदुद्दीन ओवैसी ने ट्वीट में लिखा, अर्थव्यवस्था में मंदी से निपटने की बजाए सरकार एक फ्लिप-फ्लॉप नीति पर चल रही है, जो बड़े कारोबारों को छोड़कर किसी को भी लाभ नहीं देती है. बीजेपी सरकार को सिर्फ उस वक्त काम करते देखते हैं जब वो विभाजनकारी मुद्दों पर बात करती है.

इससे पहले ओवैसी ने राम जन्मभूमि बाबरी मस्जिद भूमि विवाद पर आए सुप्रीम कोर्ट के फैसले को 'तथ्यों पर आस्था की जीत' करार देते हुए मस्जिद बनाने के लिए 5 एकड़ जमीन दिए जाने के प्रस्ताव को खारिज करने की सलाह दी थी. यही नहीं, शुक्रवार को उन्होंने ट्वीट कर कहा कि मुझे अपनी मस्जिद वापस चाहिए.

अयोध्या मामले पर फैसले के बाद ओवैसी ने पूर्व प्रधान न्यायाधीश जे एस वर्मा के बयान का हवाला देते हुए कहा, 'सुप्रीम कोर्ट वस्तुत: सर्वोच्च है....और अंतिम है, लेकिन उससे भी गलती हो सकती है. यह तथ्यों के ऊपर आस्था की जीत वाला फैसला है.'

सुप्रीम कोर्ट ने अपने फैसले में कहा कि केंद्र मुस्लिम पक्ष को मस्जिद निर्माण के लिए विकल्प के तौर पर 5 एकड़ जमीन मुहैया कराए. इस पर ओवैसी ने कहा कि मुस्लिम पक्ष कानूनी अधिकार के लिए लड़ रहा था और किसी से भी दान की जरूरत नहीं है.

उन्होंने कहा कि यह उनकी व्यक्तिगत राय है कि मुस्लिम पक्ष को 5 एकड़ जमीन दिए जाने के प्रस्ताव को खारिज किया जाना चाहिए. उन्होंने ट्वीट कर कहा, 'मैं अखिल भारतीय मुस्लिम पर्सनल ला बोर्ड के रुख का समर्थन करता हूं. हमारी लड़ाई न्याय के लिए और कानूनी अधिकार के लिए थी. हमें दान के तौर पर पांच एकड़ भूमि की आवश्यकता नहीं है.'