भोपाल: मध्य प्रदेश में पिछले करीब 10 महीनों में बेरोजगारी दर में 2.8 प्रतिशत की कमी आई है. प्रदेश में बेरोजगारी दर घटकर 4.2 प्रतिशत रह गई है. ये दर साल 2018 में 7 प्रतिशत थी. CMIE यानि सेंटर फॉर मॉनिटरिंग इंडियन इकोनॉमी की रिपोर्ट में इसका खुलासा हुआ है.

इस रिपोर्ट के मुताबिक, मध्य प्रदेश में बेरोजगारी दर में 40 फीसदी की कमी आई है. CMIE की रिपोर्ट के मुताबिक, देश के जिन 10 राज्यों में बेरोजगारी दर सबसे अधिक है. उसमें 6 बीजेपी शासित राज्य है. कांग्रेस ने अपने ट्वीटर पर इस आंकड़े को शेयर किया है और मध्य प्रदेश में बेरोजगारी दर में गिरावट को कमलनाथ सरकार की उपलब्धि बताया है. कांग्रेस ने कहा कि ये छिंदवाड़ा मॉडल को लागू करने के कारण है.

मध्यप्रदेश के पूर्व सीएम दिग्विजय सिंह ने कहा है, 'कमलनाथ को बधाई इस उपलब्धि के लिए, कांग्रेस सरकार का नेतृत्व किया. मुझे यकीन है कि मैग्नीफिसेंट एमपी के बाद मप्र में और अधिक नौकरियां होंगी. छिंदवाड़ा मॉडल काम करता नजर आ रहा है'.

ये कमलनाथ जी के कुशल नेतृत्व का कमाल है. वहीं, बीजेपी ने आंकड़ों पर सवाल उठाया और कहा कि अगर कोई सफलता है, तो यह केंद्र की योजनाओं के कारण है.