शेयर बाजार में शुक्रवार को दिन भर उतार-चढ़ाव का दौर रहा. सुबह कारोबार की शुरुआत गिरावट के साथ हुई थी, लेकिन अंत में कारोबार बढ़त के साथ बंद हुआ. कारोबार के अंत में बॉम्बे स्टॉक एक्सचेंज (BSE) का सेंसेक्स 38.80 अंक बढ़कर 37,350.33 पर बंद हुआ, जबकि नेशनल स्टॉक एक्सचेंज का निफ्टी 18.40 अंक चढ़कर 11,047.80 पर बंद हुआ.

निफ्टी के 30 शेयरों में बढ़त, जबकि 20 शेयरों में गिरावट देखी गई. निफ्टी पर फार्मा सेक्टर का प्रदर्शन खराब रहा. दिन में कारोबार के दौरान ग्लेनमार्क फार्मा के सेक्टर में 6 फीसदी की गिरावट देखी गई. सन फार्मा, ल्यूपिन, डॉ. रेड्डीज लैब, डिविस लैब्स, अरोबिंदो फार्मा और कैडिला हेल्थकेयर के शेयरों में गिरावट देखी गई. आईटी सेक्टर के शेयरों में भी गिरावट देखी गई.

गिरने वाले शेयरों में माइंडट्री, टाटा कंसल्टेंसी सर्विसेज, टेक महिंद्रा, विप्रो और एचसीएल टेक शामिल रहे.बैंकिंग और ऑटो शेयरों की वजह से ही निफ्टी 11 हजार के ऊपर बरकरार रह पाया.

मिडकैप और स्मॉलकैप शेयरों में भी बढ़त देखी गई. ऑटो सेक्टर के शेयरों में आज कुछ तेजी देखी गई. तेजी हासिल करने वाले शेयरों में मारुति सुजूकी, अशोक लीलैंड, महिंद्रा ऐंड महिंद्रा, टीवीएस मोटर कंपनी, बोश और बजाज ऑटो शामिल रहे. बैंकिंग सेक्टर में भी बढ़त देखी गई और इसका नेतृत्व पीएसयू बैंकों ने किया.

इसके पहले सुबह कारोबार की शुरुआत गिरावट के साथ हुई. बॉम्बे स्टॉक एक्सचेंज (BSE) का सेंसेक्स 235 अंक गिरकर 37,076.76 पर खुला, जबकि नेशनल स्टॉक एक्सचेंज का निफ्टी 74 अंक गिरकर 10,955.20 अंक पर खुला.

अमेरिका-चीन ट्रेड वॉर पर कोई साफ संकेत न मिलने की वजह से वैश्विक अर्थव्यवस्थ पर चिंता बरकरार है, जिसकी वजह से एशियाई बाजारों का रुख मिला-जुला रहा. अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने कहा है कि वह चाहते हैं कि विवाद जल्द खत्म हो और चीन के साथ कोई व्यापारिक करार हो. लेकिन दूसरी तरफ, चीन ने यह चेतावनी दी है कि अमेरिका ने अगर चीनी माल पर और टैरिफ लगाया तो वह इसका सख्ती से जवाब देगा. गुरुवार को अमेरिका के एसऐंडपी 500 और डाओ एक्सचेंज में मजबूती आई है. दूसरी तरफ,  नैस्डेक में 7 अंकों की गिरावट देखी गई.

घरेलू स्तर पर देखें तो प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने गुरुवार को वित्तमंत्री निर्मला सीतारमण और वरिष्ठ नौकरशाहों के साथ अर्थव्यवस्था की हालत और उसे सुधारने के लिए उठाने वाले कदमों की समीक्षा की. सूत्रों के मुताबिक इसमें प्रोत्साहन पैकेज को अंतिम रूप दे दिया गया है, जिसमें नई नीति फ्रेमवर्क और कर कटौती भी शामिल है. इनकी घोषणा करीब दो हफ्तों में कर दी जाएगी.