भोपाल : मध्य प्रदेश की राजधानी भोपाल के खटलापुरा घाट पर शुक्रवार अलसुबह गणेश विसर्जन के दौरान 11 लोगों की तालाब में डूबने से मौत हो गई. इस हादसे के बाद पूर्व मुख्‍यमंत्री शिवराज सिंह चौहान ने घटनास्‍थल पर पहुंचकर पीडि़तों का हालचाल जाना. उन्‍होंने इस दौरान कहा कि बहुत दुखद घटना हुई है. यह आलोचना का समय नहीं है. लेकिन गणेश विसर्जन पर ऐसी आशंकाएं रहती हैं. प्रशासन को व्यवस्था करना चाहिए थी. घटना की जांच के आदेश हुए हैं, इसलिए आलोचना नहीं कर रहा.

मेरा प्रशासन से सवाल है कि गणेश विसर्जन के दिन पर्याप्त व्यवस्था क्यों नहीं की गई?

यह आपराधिक लापरवाही है, सुरक्षा के पुख्ता इंतज़ाम क्यों नहीं किये गए? अगर नाँव पर ज़्यादा लोग चढ़े तो उन्हें रोका क्यों नहीं गया?

मेरी मांग है कि दोषियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई हो! pic.twitter.com/WGQxmofNGp

— Shivraj Singh Chouhan (@ChouhanShivraj) September 13, 2019

हादसे में हताहत हुए लोगों के परिजनों को जो अपूरणीय क्षति हुई है, उसकी तो कतई भरपाई नहीं की जा सकती लेकिन उनकी सहायता हेतु रु. 25 लाख की राशि तत्काल मुहैया कराई जानी चाहिए।

— Shivraj Singh Chouhan (@ChouhanShivraj) September 13, 2019

शिवराज सिंह चौहान ने कहा कि सीएम और प्रशासन पूरे प्रदेश में सुरक्षा का इंतजाम करें. ये प्राइमरी जिम्मेदारी है. बच्चे चले गए इसलिए संतुष्टि का सवाल नहीं है. मेरा मुख्यमंत्री से आग्रह है कि घटना के दोषियों को चिन्हित करके कार्रवाई होनी चाहिये. परिवारों की स्थिति को देखते हुए कम से कम 10-10 लाख मुआवजा दिया जाना चाहिए.

भोपाल के छोटे तालाब के खटलापुरा में गणेश विसर्जन के दौरान नाव टूटने के कारण हुआ हादसा हृदय विदारक है।

इस भीषण दुर्घटना में हताहत हुए लोगों को श्रद्धांजलि अर्पित करता हूँ और ईश्वर से दिवंगत आत्मा को शांति देने व परिजनों को इस गहन दुःख को सहने की शक्ति देने की प्रार्थना करता हूँ।

— Shivraj Singh Chouhan (@ChouhanShivraj) September 13, 2019

बता दें कि घटना के बाद 5 लोग तैरकर सकुशल बाहर आ गए. अभी कुछ और लोगों के लापता होने की आशंका जताई जा रही है. इसके चलते गोताखोरों की टीम रेस्क्यू में जुटी है. पिपलानी इलाके के लोग आज सुबह करीब 4 बजे चल समारोह के साथ एक बड़ी गणेश प्रतिमा को विसर्जित करने के लिए छोटे तालाब के खटलापुरा घाट पर पहुंचे थे, जहां मूर्ति को क्रेन के सहारे तालाब में विसर्जित किया जा रहा था, इसी दौरान संतुलन बिगड़ने से नाव पलट गई, जिसमें सवार 18 लोग डूब गए, जिनमें से 6 तैरकर तालाब से घाट पर आ गए जबकि 12 लोग पानी से बाहर नहीं निकल सके.

जनसंपर्क मंत्री पीसी शर्मा ने कहा, ''यह बहुत ही दुर्भाग्यपूर्ण घटना है. मृतकों के परिवारों के प्रति गहरी संवेदना प्रकट करता हूं. हादसे में मृत लोगों के परिजनों को 4-4 लाख रुपए की आर्थिक सहायता दी जाएगी. वहीं, सरकार इस हादसे की जांच कराएगी.